अंतिम बदलाव: 4 अक्टूबर 2026 · ये नियम SUMCKER मार्केटप्लेस के सभी पेजों पर लागू हैं — प्रॉपर्टी, गाड़ियाँ और ऑटो पार्ट्स।
1. हम कौन हैं और हमारी भूमिका
- यह मार्केटप्लेस SUMCKER Decor (M/s Sumcker Interiors and Exteriors), सेक्टर 104, गुरुग्राम, हरियाणा द्वारा चलाया जाता है।
- हम ख़रीदार, विक्रेता, किराएदार, मालिक, डीलर और सप्लायर को आपस में मिलवाने (मध्यस्थ) का काम करते हैं। जब तक लिखित में अलग न कहा जाए, बेची जा रही प्रॉपर्टी, गाड़ी या पार्ट हमारा नहीं होता।
- सौदा पक्का करना या न करना — दाम, शर्तें और भुगतान — का अंतिम फ़ैसला ख़रीदार और विक्रेता का होता है।
2. फ़ॉर्म और आपकी जानकारी
- वेबसाइट पर भरा गया फ़ॉर्म हमारे पास सुरक्षित रूप से जमा होता है और उसकी सूचना हमें ई-मेल पर मिलती है।
- आपकी जानकारी का उपयोग केवल आपसे संपर्क करने और सही ख़रीदार/विक्रेता ढूँढने के लिए होता है। हम आपकी जानकारी बेचते नहीं हैं।
- सौदे के लिए ज़रूरी हिस्सा (जैसे नाम और नंबर) दूसरे पक्ष को तभी दिया जाता है जब आप उसके लिए हाँ कहें।
- फ़ॉर्म में सही जानकारी भरना आपकी ज़िम्मेदारी है। ग़लत या भ्रामक जानकारी पर लिस्टिंग हटाई जा सकती है।
3. लिस्टिंग और पंजीकरण
- डीलर, एजेंट, बिल्डर और सप्लायर की लिस्टिंग हमारी जाँच और मंज़ूरी के बाद ही दिखाई जाती है।
- केवल वही प्रॉपर्टी, गाड़ी या पार्ट लिस्ट करें जिसे बेचने का आपको क़ानूनी अधिकार है। चोरी का, विवादित या नक़ली सामान लिस्ट करना मना है।
- नियम तोड़ने पर हम बिना पहले सूचना दिए लिस्टिंग या पंजीकरण रोक या हटा सकते हैं।
4. कमीशन और भुगतान की शर्तें
- डीलर, एजेंट, बिल्डर और सप्लायर: पंजीकरण फ़ॉर्म में आप बताते हैं कि आप हमें कितना कमीशन दे सकते हैं। बातचीत के बाद अंतिम कमीशन लिखित समझौते में तय होता है, और उसी के बाद लागू होता है।
- व्यक्तिगत ख़रीदार, विक्रेता, मालिक और किराएदार: कोई भी शुल्क या कमीशन तभी लिया जाएगा जब वह सौदे से पहले आपको लिखित में (काग़ज़, ई-मेल या WhatsApp संदेश पर) बताया गया हो और आपने उसे माना हो। कोई छिपा हुआ शुल्क नहीं है।
- कमीशन कब देना है: जिस समय ख़रीदार विक्रेता को भुगतान करे (बयाना / एडवांस / पूरा भुगतान), उसी समय हमारा कमीशन भी देना होगा। प्रॉपर्टी में यह हर हाल में रजिस्ट्री से पहले या रजिस्ट्री वाले दिन तक हो जाना चाहिए। किराए में किरायानामे पर हस्ताक्षर के समय, और गाड़ी या पार्ट में डिलीवरी के समय।
- भुगतान न हो तो कमीशन नहीं। अगर ख़रीदार ने विक्रेता को कोई भुगतान नहीं किया और सौदा नहीं हुआ, तो कोई कमीशन नहीं। एक बार दिया गया कमीशन वापस नहीं होता, जब तक लिखित समझौते में अलग से न लिखा हो।
- सीधा सौदा: अगर हमारे मिलवाने के बाद 6 महीने के भीतर दोनों पक्ष आपस में सीधे वही सौदा करते हैं, तो भी तय कमीशन देना होगा।
- मिलवाने का रिकॉर्ड: हम जो भी ख़रीदार मिलवाते हैं, उसे लीड नंबर और तारीख़ के साथ WhatsApp या ई-मेल पर भेजते हैं। वही संदेश मिलवाने का रिकॉर्ड है।
- हर लीड की जानकारी: लीड मिलने के 7 दिन के भीतर, और सौदा पूरा होने पर दोबारा, सप्लायर/डीलर बताएगा कि सौदा हुआ, बाक़ी है या नहीं हुआ। हर महीने हमारे मिलवाए ख़रीदारों से हुए सौदों की छोटी सूची भेजनी होगी।
- ख़रीदार से पुष्टि: हम अपने मिलवाए ख़रीदार से पूछ सकते हैं कि सौदा हुआ या नहीं। माँगने पर सप्लायर/डीलर उस ख़रीदार का बिल या समझौता दिखाएगा — उतना ही जितना कमीशन तय करने के लिए ज़रूरी हो।
- प्रॉपर्टी साइट-विज़िट: प्रॉपर्टी में हमारे द्वारा कराई गई पहली विज़िट पर मालिक या एजेंट और ख़रीदार साइट-विज़िट पर्ची (काग़ज़ पर या WhatsApp पर) पर हस्ताक्षर/पुष्टि करेंगे।
- छिपाया गया सौदा: अगर हमारे मिलवाए ख़रीदार से हुआ सौदा नहीं बताया गया, तो पूरा कमीशन तुरंत देय होगा — सौदे की तारीख़ से 18% सालाना ब्याज और वसूली के ख़र्च के साथ। उसकी लिस्टिंग रोक दी जाएगी और पंजीकरण समाप्त किया जा सकता है।
- कहाँ भुगतान करें: कमीशन केवल SUMCKER Decor के फ़र्म वाले बैंक खाते या UPI में दें, और रसीद लें। किसी व्यक्ति के निजी खाते में भुगतान न करें।
- सौदे की रक़म: प्रॉपर्टी या गाड़ी का पूरा दाम ख़रीदार सीधे विक्रेता को देता है। यह रक़म SUMCKER के पास नहीं रखी जाती।
- कमीशन का बिल और GST: SUMCKER सिर्फ़ अपने कमीशन का टैक्स इनवॉइस देगा, जिस पर लागू GST (अभी 18%) अलग से लगेगा — हरियाणा के सप्लायर पर CGST + SGST, दूसरे राज्य के सप्लायर पर IGST। सामान या सेवा का बिल ख़रीदार को विक्रेता स्वयं देता है।
- TDS: अगर क़ानून के अनुसार आपको कमीशन पर TDS काटना ज़रूरी है (पहले धारा 194H, अब आयकर अधिनियम 2025 की धारा 393 — अभी 2%), तो काटकर समय पर जमा करें और हमें TDS प्रमाणपत्र भेजें। ज़रूरी न हो तो पूरा कमीशन दें। अपनी स्थिति अपने CA से पक्की कर लें।
- TCS नहीं: क्योंकि सौदे की रक़म SUMCKER के पास से नहीं गुज़रती, इसलिए SUMCKER आपकी बिक्री पर GST का TCS (धारा 52) नहीं काटता और न ही ई-कॉमर्स वाला TDS। भुगतान का यह तरीक़ा कभी बदला गया, तो पहले लिखित सूचना देकर ये नियम बदले जाएँगे।
- लौटाना या समायोजन: जहाँ लिखित समझौते के अनुसार कमीशन लौटाना या अगले बिल में घटाना तय हो, वहाँ यह GST क्रेडिट नोट के ज़रिए होगा।
- रिकॉर्ड: सौदे और कमीशन का रिकॉर्ड दोनों पक्ष कम से कम 8 साल तक रखेंगे।
4क. पूजा-सेवा: दक्षिणा अपनी इच्छा से
- पूजा, व्रत और सेवा पेजों की पूरी विधि, मंत्र और आरती मुफ़्त पंजीकरण के बाद सबके लिए खुली है। इन्हें पढ़ने का कोई शुल्क नहीं है।
- हर सेवा पेज के नीचे दक्षिणा का विकल्प है — ₹11, ₹21, ₹51, ₹101 या अपनी इच्छा से कोई भी राशि। दक्षिणा देना पूरी तरह स्वैच्छिक है; न देने पर भी हर सेवा खुली रहेगी।
- दक्षिणा केवल पेज पर दिए SUMCKER Decor के UPI पर दें। यह राशि SUMCKER Decor (व्यावसायिक फ़र्म) की आय है — यह दान नहीं है और इस पर 80G छूट नहीं मिलती।
- स्वेच्छा से दी गई दक्षिणा वापस नहीं होती। ग़लती से दोबारा या ग़लत राशि चली गई हो, तो 7 दिन के भीतर WhatsApp पर बताइए — जाँच के बाद लौटा दी जाएगी।
- घर पर पूजा करवाना, जन्मकुंडली/ज्योतिष सलाह जैसी व्यक्तिगत सेवाओं का शुल्क अलग से, पहले लिखित में बताकर लिया जाता है।
5. आपकी अपनी जाँच
- प्रॉपर्टी के काग़ज़, गाड़ी की RC और हालत, और पार्ट की गुणवत्ता की जाँच ख़रीदार स्वयं करे। ज़रूरत हो तो वकील या मैकेनिक की सलाह लें।
- प्रॉपर्टी के सौदे राज्य के RERA और रजिस्ट्री नियमों के अनुसार ही करें।
- हम किसी पक्ष की ओर से दाम, गुणवत्ता या काग़ज़ों की गारंटी नहीं देते। दो पक्षों के आपसी विवाद की ज़िम्मेदारी SUMCKER की नहीं है, पर हम बातचीत से हल निकालने में मदद करेंगे।
6. विवाद और क़ानून
- कोई भी मतभेद पहले आपसी बातचीत से सुलझाया जाएगा।
- न सुलझे तो मामला गुरुग्राम (हरियाणा) की अदालतों के अधिकार क्षेत्र में होगा।
7. नियमों में बदलाव
- ये नियम समय-समय पर बदले जा सकते हैं। नया नियम इस पेज पर लगने की तारीख़ से लागू होगा, पर पहले से लिखित समझौते उन्हीं की शर्तों पर चलेंगे।
सवाल हो तो संपर्क करें: 70114 18407 (फ़ोन / WhatsApp), सोमवार से शनिवार, सुबह 9 से शाम 7 बजे तक।